Skip to content
Tuesday, 27 October 2026
BREAKING
RAJASTHAN

अलवर में हनी ट्रैप और ब्लैकमेलिंग गैंग का पर्दाफाश, महिला सहित तीन गिरफ्तार — 30 लाख की मांग कर बनाया था अश्लील वीडियो

जयपुर, 24 अक्टूबर (Udaipur Kiran News). अलवर जिले की शिवाजी पार्क थाना पुलिस ने एक बड़े हनी ट्रैप और ब्लैकमेलिंग गिरोह का खुलासा किया है. पुलिस ने महिला सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने अपहरण कर अश्लील वीडियो बनाने और बलात्कार के झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर ₹30 लाख की फिरौती मांगी थी.

Alwar Honey Trap Case

एसपी सुधीर चौधरी ने बताया कि यह गिरोह पहले भी कई वारदातों को अंजाम दे चुका है. 22 अक्टूबर को महिला आरोपी शहरुना ने एक व्यक्ति को इलाज के बहाने अपने घर बुलाया. जैसे ही परिवादी आरटीओ ऑफिस के पास स्थित घर पर पहुंचा, महिला और उसके साथी वसीम खान उर्फ मूसा व प्रियांशु चौधरी उर्फ गोधू ने उसे बंधक बना लिया.

कमरे में ले जाकर आरोपियों ने मारपीट की, उसके कपड़े फाड़ दिए और अंडरवियर में खड़ा कर महिला के साथ उसकी आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बना लिए. इसके बाद गिरोह ने पीड़ित को धमकाया कि अगर वह ₹30 लाख नहीं देगा, तो उस पर बलात्कार का झूठा केस दर्ज कर उसकी जिंदगी बर्बाद कर दी जाएगी. आरोपियों ने पीड़ित का सामान और पैसे लूटे और उसे सड़क किनारे फेंककर फरार हो गए.

12 घंटे में पुलिस ने किया खुलासा

मामले की सूचना मिलते ही एसपी सुधीर चौधरी ने तत्काल कार्रवाई के आदेश दिए. थानाधिकारी शिवाजी विनोद सामरिया और विजय मंदिर थाने के भरतलाल के नेतृत्व में विशेष टीमें बनाई गईं.
तकनीकी और खुफिया इनपुट के आधार पर पुलिस ने मात्र 12 घंटे में तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. जब पुलिस आरोपी प्रियांशु चौधरी उर्फ गोधू (21) को पकड़ने पहुंची, तो उसने पहचान छिपाने के लिए सिर के बाल मुंडवा रखे थे, लेकिन पुलिस की टीम ने उसे धर दबोचा.

गिरफ्तार आरोपी

  1. शहरुना (33 वर्ष) – मुख्य महिला आरोपी, जिसने जाल बिछाया था; दो शादियां कर चुकी है.

  2. वसीम खान उर्फ मूसा (18 वर्ष) – निवासी विजय मंदिर, अलवर.

  3. प्रियांशु चौधरी उर्फ गोधू (21 वर्ष) – निवासी एनईबी, अलवर; पहले से मारपीट, धमकी और एससी/एसटी एक्ट के मामलों में वांछित.

बरामदगी और आगे की जांच

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अश्लील वीडियो बनाने में प्रयुक्त एंड्रॉइड मोबाइल और पीड़ित का सोने का लॉकेट बरामद किया है. पुलिस अब यह जांच कर रही है कि इस गिरोह ने ऐसे कितने लोगों को पहले निशाना बनाया.