स्टार हेल्थ इंश्योरेंस को पूरा दावा और ब्याज चुकाने का आदेश

उदयपुर, सितंबर 2: स्थायी लोक अदालत ने स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को ₹2,63,996 का स्वास्थ्य बीमा दावा 6% वार्षिक ब्याज के साथ चुकाने का आदेश दिया है। इसके साथ ही मानसिक पीड़ा के लिए ₹21,000 और मुकदमे के खर्च के लिए ₹11,000 भी दिए गए हैं।
अदालत ने बीमा कंपनी की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि वैध दावे को केवल छोटे अतिरिक्त दस्तावेजों की मांग के बहाने अस्वीकार करना सेवा में कमी और अनुचित व्यापार प्रथा के समान है।
दस्तावेजों के बावजूद दावा अस्वीकृत
मामले के अनुसार, पवन शेखर, जो चंद्रशेखर सुथार के पुत्र हैं और वल्लभनगर के नवानिया के निवासी हैं, ने 11 फरवरी 2025 को स्थायी लोक अदालत में वकील चेतन चौधरी के माध्यम से स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस कंपनी के खिलाफ आवेदन दायर किया।
शिकायतकर्ता ने अहमदाबाद के सिम्स अस्पताल में पेट में पथरी के लिए सर्जरी करवाई थी। उन्होंने अस्पताल के उपचार और बाद में जे-स्टेंट हटाने के लिए कुल ₹2,63,996 खर्च किए।
इसके बाद उन्होंने बीमा कंपनी को दावा प्रस्तुत किया। दस्तावेज पूर्ण होने के बावजूद, कंपनी ने 11 जून 2024 को उनका दावा अस्वीकार कर दिया।
एक महीने के भीतर भुगतान का आदेश
स्थायी लोक अदालत के अध्यक्ष महेंद्र सिंह सिसोदिया, सदस्य प्रमोद कुमार दानी और सदस्य डॉ. सुभी मेनारिया (धिंग) की पीठ ने शिकायतकर्ता के आवेदन को स्वीकार किया और बीमा कंपनी द्वारा प्रस्तुत तर्कों को खारिज कर दिया।
पीठ ने कंपनी को ₹2,63,996 का भुगतान करने का आदेश दिया, साथ ही 11 जून 2024 से लेकर वसूली तक 6% वार्षिक ब्याज भी।
बीमा कंपनी को मानसिक पीड़ा के लिए ₹21,000 और मुकदमे के खर्च के लिए ₹11,000 भी एक महीने के भीतर अलग से चुकाने का निर्देश दिया गया है।
आदेश में कहा गया है कि यदि निर्धारित अवधि के भीतर राशि का भुगतान नहीं किया गया, तो ब्याज दर बढ़ाकर 9% प्रति वर्ष कर दी जाएगी।



