इंश्योरेंस पॉलिसी स्कैम गिरोह का भंडाफोड़, महिला समेत 10 आरोपित गिरफ्तार

पुलिस का लाेगाे

New Delhi, 23 दिसंबर (Udaipur Kiran) . द्वारका जिला पुलिस ने एक बड़े इंश्योरेंस पॉलिसी स्कैम गिरोह का भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने एक महिला समेत गिरोह के 10 आरोपिताें को गिरफ्तार किया है. ये लोग फर्जी कॉल सेंटर से वारदातों को अंजाम दे रहे थे. आरोपिताें पर लोगों को लैप्स इंश्योरेंस पॉलिसी की किस्तों के नाम पर ठगी करने का आरोप है. इस गिरोह ने अलग अलग पीड़ितों से करीब एक करोड़ रुपये की ठगी की है और पुलिस ने 20 लाख रुपये बैंक खातों में ही फ्रीज कर दिए हैं.

द्वारका जिले के पुलिस उपायुक्त अंकित सिंह ने मंगलवार काे बताया कि आरोपिताें की पहचान गिरोह के सरगना 38 वर्षीय साहिल बैरी, अजय बाजपेयी, निशांत चौहान, विनय मल्होत्रा, किशन कुमार, दमन बख्शी, सुमित गोस्वामी, बृजेश सैनी, निश्चय साहू और नीरज के रूप में हुई है. पुलिस ने इनके पास से 18 मोबाइल फोन, एक कार, चार हार्ड ड्राइव, दो लैपटॉप, आईआरडीए व एनपीसीआई समेत विभिन्न एजेंसियों के नकली दस्तावेज, आरबीआई व दिल्ली हाई कोर्ट के अलावा इंश्योरेंस कंपनियों की नकली मुहर और कुछ अथॉरिटी लेटर बरामद किए हैं. आरोपिताें से पूछताछ की जा रही है.

पुलिस के मुताबिक, एनसीआरपी पोर्टल पर ठगी की शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू की गई. पता चला कि आरोपिताें ने पीड़ितों को बताया कि उनकी इंश्योरेंस पॉलिसी समाप्त हो गई है और बाकी इंस्टॉलमेंट जमा करने के बाद ही पॉलिसी रिन्यू होगी या मैच्योरिटी राशि मिलेगी. इस बहाने उन्होंने लाखों रुपये ठगे. जांच के दौरान आरोपियों के एक बैंक खाते से खाताधारक निशांत चौहान को बैंक से दो लाख रुपये निकालते हुए गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में उसने बताया कि वह और कुछ अन्य लोग अपने बैंक खाते एक गिरोह को देते हैं, जिसके बदले उन्हें 1.5 से 10 फीसदी कमीशन मिलता है.

इसकी निशानदेही पर साहिल बेरी नामक सरगना को द्वारका सेक्टर छह के मिनी मार्केट से गिरफ्तार किया गया. उसके पास से ठगी में इस्तेमाल सात मोबाइल फोन बरामद हुए. इसके बाद सागरपुर में एक कॉल सेंटर पर छापा मारा गया जहां से किशन कुमार, दमन बख्शी, सुमित गोस्वामी और महिला टेलीकॉलर नीरज को गिरफ्तार किया गया. यहां से हजारों इंश्योरेंस पॉलिसी का डेटा, लैपटॉप और मोबाइल फोन बरामद हुए. बाद में बुराड़ी से विनय मलहोत्रा और पांडव नगर से आजय बाजपेयी को भी गिरफ्तार किया गया.

अजय के पेन ड्राइव से आरबीआई, बैंकों और इंश्योरेंस कंपनियों के नकली स्टैंप और अधिकार पत्र बरामद हुए. पुलिस ने बताया कि इस गैंग के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज हैं, जिनमें हल्द्वानी, Uttarakhand के निश्चय जोशी को 70 लाख रुपये की ठगी का मामला भी शामिल है. कुल मिलाकर गिरोह द्वारा लगभग एक करोड़ रुपये की ठगी का आकलन किया गया है. फिलहाल पुलिस मामला दर्ज कर जांच कर रही है.

—————

(Udaipur Kiran) / कुमार अश्वनी

Leave a Comment