ए.आर. रहमान ने मंगल रंग पर आलोचनाओं को किया खारिज

New Delhi, 27 अक्टूबर: ए.आर. रहमान ने अपनी नवीनतम रचना ‘मंगल रंग’ पर आई नकारात्मक प्रतिक्रियाओं से प्रभावित नहीं होने की बात कही है. यह गाना आगामी फिल्म ‘रामायण: राइज ऑफ ए लिजेंड’ के लिए है, जो 5 नवंबर को रिलीज होने वाली है.
इस गाने में अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल की आवाज़ें हैं, जो एक क़व्वाली-प्रेरित ध्वनि प्रस्तुत करता है, जिसने ऑनलाइन आलोचनाओं को जन्म दिया है. कुछ उपयोगकर्ताओं ने चिंता व्यक्त की है कि यह संगीत शैली हिंदू महाकाव्य पर आधारित फिल्म के लिए उपयुक्त नहीं है. एक टिप्पणीकार ने कहा, “वाल्मीकि की रामायण में सूफी क़व्वाली बीट्स डालना Bollywood की सबसे बड़ी भ्रांति है,” जो सांस्कृतिक प्रतिनिधित्व को लेकर निराशा को दर्शाता है.
आलोचकों ने यह भी सुझाव दिया है कि रहमान ने अपनी पूर्व रचनाओं के तत्वों का पुन: उपयोग किया है. ‘मंगल रंग’ की तुलना उनकी पूर्व रचनाओं से की गई है, जिसमें कुछ ने कहा कि यह उनके तमिल गाने ‘एनना सोला पोगिरै’ और ‘रॉकस्टार’ के ‘कुन फाया कुन’ के समान है.
इस प्रतिक्रिया के बावजूद, रहमान ने कलात्मक अभिव्यक्ति के महत्व पर जोर दिया है. उन्होंने कहा, “प्रतिक्रियाओं को देखने की ऊर्जा नहीं बची है,” जो सांस्कृतिक असंवेदनशीलता से लेकर संगीत के पुनर्चक्रण तक की आलोचनाओं पर उनके दृष्टिकोण को दर्शाता है.
फिल्म का निर्देशन नितेश तिवारी ने किया है, जिसमें रणबीर कपूर राम के रूप में और साई पल्लवी सीता के रूप में नजर आएंगे. यह फिल्म महाकाव्य कथा को आधुनिक सिनेमाई संदर्भ में प्रस्तुत करने का प्रयास करती है.



