अरिहंत नर्सिंग कॉलेज पर छात्रों की सुरक्षा से खिलवाड़ का आरोप, मेवाड़ हेल्थ मैनेजमेंट ने जर्जर भवन को गिराया
उदयपुर, 27 सितंबर (Udaipur Kiran News)। मेवाड़ हेल्थ मैनेजमेंट प्रा. लि. ने सहेली मार्ग स्थित अपने पुराने भवन की जर्जर स्थिति को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की है। संस्था ने आरोप लगाया है कि अरिहंत नर्सिंग कॉलेज के डायरेक्टर मयंक कोठारी और देव कोठारी इस खतरनाक भवन में नर्सिंग छात्रों को पढ़ाई करवाकर उनकी जान से खिलवाड़ कर रहे हैं।

संस्थान ने बताया कि यह भवन पुराना और जर्जर अवस्था में है। हाल ही में इसके कुछ हिस्से गिर चुके हैं, जिससे गंभीर हादसे की आशंका है। झालावाड़ स्कूल हादसे की तर्ज पर कोई अनहोनी न हो, इसे ध्यान में रखते हुए मेवाड़ हेल्थ ने विशेषज्ञ एजेंसी से भवन की जांच कराई। रिपोर्ट में भवन को पूरी तरह असुरक्षित बताया गया। इसके बाद नगर निगम ने 23 सितंबर 2025 को नोटिस जारी कर 7 दिन के भीतर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। नोटिस में कहा गया कि मियाद समाप्त होने के बाद यदि कोई हादसा होता है तो जिम्मेदारी मेवाड़ हेल्थ मैनेजमेंट की होगी।
मेवाड़ हेल्थ ने बताया कि उन्होंने अपने हॉस्टल स्टाफ को तुरंत खाली कर सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर दिया, लेकिन इसके बावजूद मयंक कोठारी और देव कोठारी नर्सिंग क्लासेज जारी रखे हुए हैं। जबकि उनके पास एयरपोर्ट के पास सुरक्षित बिल्डिंग मौजूद है, जहां वे बीएड कॉलेज संचालित करते हैं।
संस्थान ने बताया कि सहेली मार्ग पर यह स्थान अत्यंत व्यस्त क्षेत्र है, जहां दिनभर वाहनों और आमजन की आवाजाही रहती है। इसलिए यातायात बाधित न हो, इसके लिए रात के समय भवन को गिराने की कार्रवाई की गई।
मेवाड़ हेल्थ के डायरेक्टर्स डॉ. कीर्ति कुमार जैन, धर्मेश्वर सरूपरिया, इंदूबाला जैन और डॉ. सुरभि पोरवाल ने आरोप लगाया कि 26 सितंबर की रात जब जर्जर भवन गिराने की कार्रवाई की जा रही थी, तब देव कोठारी, मयंक कोठारी, अनुराग कोठारी और अन्य लोग गुंडा तत्वों के साथ मौके पर पहुंचे और पत्थरबाजी की। इसमें मजदूरों और जेसीबी ऑपरेटर को जान बचाकर भागना पड़ा।
संस्थान का कहना है कि मयंक कोठारी ने अब झूठा मुकदमा दर्ज कराने और दबाव बनाने का प्रयास किया है। 27 सितंबर को भी उन्होंने छात्रों को जर्जर भवन में बैठा दिया, जिससे उनकी जान जोखिम में है।
संस्थान ने इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक और हाथीपोल थानाधिकारी को दी है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में कोई हादसा होता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी अरिहंत नर्सिंग कॉलेज संचालक और प्रशासन की होगी।



