ऑस्ट्रेलिया का T20 विश्व कप 2026 में जल्दी बाहर होना

नई दिल्ली, फरवरी 20: T20 विश्व कप 2026 में शुरुआती दौर में कई रोमांचक मैच देखने को मिले हैं। ज़िम्बाब्वे, इटली और अमेरिका जैसी टीमों ने ग्रुप स्टेज में अपनी छाप छोड़ी, जबकि कुछ प्रमुख टीमों को जल्दी ही असफलता का सामना करना पड़ा। 2021 में T20 विश्व कप जीतने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम का सफर इस बार ग्रुप स्टेज में ही समाप्त हो गया। इंग्लैंड और पाकिस्तान को भी सुपर 8 में अपनी जगह सुनिश्चित करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ी।
ऑस्ट्रेलिया को फिर से खिताब का मजबूत दावेदार माना जा रहा था, लेकिन मिशेल मार्श की कप्तानी में उनकी प्रदर्शन निराशाजनक रहा। टीम ने ज़िम्बाब्वे के खिलाफ एकतरफा हार का सामना किया और श्रीलंका के खिलाफ 8 विकेट से आसानी से हार गई। जोश हेजलवुड और पैट कमिंस जैसे प्रमुख खिलाड़ियों की अनुपस्थिति का स्पष्ट असर दिखाई दिया।
ऑस्ट्रेलिया का गेंदबाजी आक्रमण कमजोर नजर आया, जिससे विपक्षी बल्लेबाजों को फायदा उठाने का मौका मिला। टीम श्रीलंका के खिलाफ 182 रनों का लक्ष्य भी नहीं बचा सकी। टिम डेविड, कैमरून ग्रीन, ग्लेन मैक्सवेल और मार्कस स्टोइनिस जैसे प्रमुख T20 खिलाड़ियों का प्रदर्शन बल्ले से निराशाजनक रहा।
पाकिस्तान ने नीदरलैंड के खिलाफ अपने पहले मैच में मुश्किल से जीत हासिल की। टीम की कमजोर बल्लेबाजी क्रम भारत के खिलाफ उनके खेल में उजागर हुआ, जिसमें केवल साहिबजादा फारहान ने कुछ उम्मीद दिखाई। बाबर आज़म ने भी इस T20 विश्व कप में काफी संघर्ष किया है।
आयरलैंड ने इस टूर्नामेंट के लिए उच्च उम्मीदें लगाई थीं, लेकिन पॉल स्टर्लिंग की कप्तानी में उनका प्रदर्शन निराशाजनक रहा, जिसमें चार मैचों में केवल एक जीत मिली। ओमान के खिलाफ एक मैच को छोड़कर, टीम की बल्लेबाजी क्रम ने कोई खास प्रदर्शन नहीं किया।
हालांकि इंग्लैंड ने T20 विश्व कप 2026 के सुपर 8 में जगह बनाई है, लेकिन उनका प्रदर्शन संतोषजनक नहीं रहा। उन्होंने नेपाल के खिलाफ हार से बचने में सफलता पाई, लेकिन वेस्ट इंडीज के खिलाफ संघर्ष किया, जहां जोस बटलर, हैरी ब्रुक और फिल साल्ट जैसे बल्लेबाजों ने उम्मीद के अनुसार प्रदर्शन नहीं किया। जोफ्रा आर्चर भी पहले दौर में कोई खास प्रभाव नहीं छोड़ सके।



