
-वैकल्पिक व्यवस्था में 48 डॉक्टर्स ने लगाई ओपीडी
गुरुग्राम, 10 दिसंबर (Udaipur Kiran) .Haryana सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन (एचसीएमएसए) के बैनर तले बुधवार को भी सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर हड़ताल पर रहे. तीसरे दिन की हड़ताल के दौरान स्वास्थ्य सेवाएं काफी चरमराई हुई हैं. अस्पताल प्रशासन का दावा है कि वैकल्पिक व्यवस्था में 48 डॉक्टर लगाए गए हैं. इनके अलावा दो फिजिशियन व दो अन्य डॉक्टर बुलाए गए हैं. डॉक्टर्स की अनिश्चितकालीन हड़ताल के चलते अब मरीजों को उपचार के लिए परेशानी बढ़ रही है.
सरकार द्वारा आवश्यक सेवाएं रखरखाव अधिनियम (एस्मा) लगाए जाने पर हड़ताली डॉक्टर्स ने कहा कि सरकार उनके आंदोलन को दबाना चाहती है. एस्मा लगाना सरकार का अन्याय है. अपनी आवाज उठाने का सबको अधिकार है. हम भी अपनी मांगों के लिए हड़ताल पर हैं. सरकार मांगे पूरी कर दे तो सभी डॉक्टर पूरी निष्ठा से काम करेंगें. सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर्स की हड़ताल का मरीजों पर काफी असर पड़ रहा है. एक साथ इतने अधिक डॉक्टर्स की हड़ताल होने से ओपीडी में भी मरीजों की संख्या घटने लगी है. क्योंकि मीडिया के माध्यम से जनता में यह मैसेज पहुंच गया है कि अस्पतालों में डॉक्टर हड़ताल पर हैं. फिर भी काफी मरीज यहां आ भी रहे हैं. मरीज यह भी कह रहे हैं कि अगर डॉक्टरों की मांगें जायज हैं तो सरकार उनको पूरा करे.
सेक्टर-10 नागरिक अस्पताल के पीएमओ डा. लोकवीर के मुताबिक प्रशिक्षित डॉक्टर्स, पीजी स्टूडेंट व अन्य स्टाफ की तैनाती की गई है. मरीजों को किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं आने दी जा रही. अस्पताल में चार डॉक्टर और भेजे जा रहे हैं. इनमें दो फिजिशियन हैं. तकनीकी कार्यों को भी बिना बाधा के चलाया जा रहा है.
(Udaipur Kiran)
