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Thursday, 29 October 2026
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पूर्व प्रधानमन्त्री ओली की पार्टी का कार्यकर्ता पूर्व राष्ट्रपति विद्या भंडारी के घर में आगजनी के आरोप में गिरफ्तार

पूर्व राष्ट्रपति विद्या भंडारी का निजी आवास और गिरफ्तार एमाले का कार्यकर्ता

काठमांडू, 22 अक्टूबर (Udaipur Kiran News) । पूर्व प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली की पार्टी से जुड़ा निकट का कार्यकर्ता ही पूर्व राष्ट्रपति विद्या भंडारी के घर में आगजनी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। जेन जी प्रदर्शन के दौरान अन्य नेताओं के साथ पूर्व राष्ट्रपति के निजी घर में आग लगा दी गई थी। घटना के समय पूर्व राष्ट्रपति घर में मौजूद थीं।

गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान सोनम थेबे के रूप में हुई है, जो वर्तमान में काठमांडू के धूम्बराही में रह रहा है। इस व्यक्ति के ओली की पार्टी के युवा संगठन युवा संघ का सक्रिय कार्यकर्ता होने की जानकारी पुलिस ने दी है।

काठमांडू पुलिस प्रवक्ता एसपी पवन भट्टराई के अनुसार, थेबे को सोमवार को महाराजगंज क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया था। थेबे को फिलहाल जिला पुलिस थाना में रखा गया है और छठ के बाद अदालत खुलने पर उसका रिमांड लिया जाएगा।

एसपी भट्टराई ने कहा कि प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि थेबे ने पूर्व राष्ट्रपति भंडारी के घर पर आगजनी हमले में अग्रणी भूमिका निभाई थी। उन्होंने कहा कि थेबे की आपराधिक पृष्ठभूमि है और आगे की जांच चल रही है।

भट्टराई ने यह भी पुष्टि किया है कि वह पहले से ही नेकपा एमाले पार्टी के साथ जुड़ा हुआ है और पार्टी के कार्यक्रमों में उसकी सक्रिय सहभागिता रहती है। उसके खिलाफ सार्वजनिक अपराध, तोड़फोड़ और आगजनी के आरोपों में उनकी जांच की जा रही है।

थेबे पर धमकी के माध्यम से धूम्बराही क्षेत्र में होटल व्यवसायियों, नाइटलाइफ़ व्यवसाय ऑपरेटरों और भूमि दलालों से पैसे वसूलने का भी आरोप है।

राष्ट्रपति बनने से पहले विद्या भंडारी ने ओली की पार्टी में उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया है। ओली की ही सिफरिश पर भंडारी को राष्ट्रपति का उम्मीदवार बनाया गया था। विद्या भंडारी लगातार दो कार्यकाल तक नेपाल की राष्ट्रपति रही हैं। दो कार्यकाल पूरे करने के बाद उन्होंने अब एमाले की राजनीति में सक्रिय भागीदारी शुरू कर दी। जिसके कारण केपी ओली के साथ उनके खुल कर मतभेद चल रहे हैं। विद्या भंडारी द्वारा पार्टी की सदस्यता लेने के फैसले को ओली ने पलटते हुए उनकी सदस्यता रद्द कर दी और उनके पुनः राजनीति में सक्रिय होने पर पार्टी की तरफ से प्रतिबंध लगा दिया है।

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(Udaipur Kiran) / पंकज दास

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