(संसोधित) मप्र के खजुराहो में रिसॉर्ट में खाना खाने के बाद 9 कर्मचारियों की तबीयत बिगड़ी, तीन की मौत

खजुराहो में खाना खाने के बाद बीमार हुए कर्मचारियों का अस्पताल मे उपचार

छतरपुर, 09 दिसम्बर (Udaipur Kiran) . Madhya Pradesh के छतरपुर जिले में स्थित प्रसिद्ध पर्यटन स्थल खजुराहो के एक रिसॉर्ट में खाना खाने के बाद नौ कर्मचारियों की तबीयत बिगड़ गई. सभी कर्मचारियों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया. यहां से गंभीर हालत में सभी को ग्वालियर रेफर किया गया, जहां पर इनमें से तीन कर्मचारियों की मौत हो गई. बाकी का इलाज जारी है. मृतकों के परिजनों ने चक्काजाम कर रिसार्ट मालिक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. जानकारी मिलने पर पुलिस प्रशासन का अमला सक्रिय हुआ और मामले की जांच शुरू की गई है. भोजन की सैंपलिंग भी कराई गई है.

जानकारी के अनुसार, खजुराहो के गौतम रिसॉर्ट के कर्मचारियों ने Monday की रात रोज की तरह भोजन किया था, जिसमें आलू-गोभी की सब्जी शामिल थी. भोजन के कुछ ही मिनट बाद सभी की तबीयत बिगड़ने लगी. उन्हें उल्टी, चक्कर और घबराहट जैसे लक्षण महसूस हुए. इन्हें तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, यहां से कर्मचारियों को गंभीर हालत में ग्वालियर रैफर कर दिया गया. ग्वालियर जाने के दौरान दो लोगों ने रास्ते में दम तोड़ दिया, जबकि एक की जेएएच अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई. वहीं, पांच का इलाज जारी है, इनमें से तीन वेंटिलेटर पर है. एक को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है. चिकित्सकों ने फूड पॉइजनिंग के लक्षण बताए हैं.

छतरपुर जिला चिकित्सालय के चिकित्सकों के अनुसार मरीजों को अस्पताल लाया गया था, मगर उनकी हालत लगातार बिगड़ रही थी. इसके बाद सभी नौ मरीजों को उनकी हालत को देखते हुए झांसी व ग्वालियर रेफर कर दिया गया. जिला अस्पताल के अनुसार तीन कर्मचारियों की मौत हुई है. मृतकों की पहचान प्रागीलाल कुशवाहा, गिरजा रजक और रामस्वरूप कुशवाहा के रूप में हुई है. घायलों में दयाराम, हार्दिक, रवि, रोशनी और गोलू शामिल हैं. रवि, रोशनी और गोलू वेंटिलेटर पर हैं और उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है.

छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने मृतकों के परिजनों को 20-20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की है. इसके अलावा 5-5 हजार रुपये की अंत्येष्टि सहायता राशि दी गई है. कलेक्टर के निर्देश पर संबंधित के परिजन को संबल योजना अंतर्गत 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की जा रही है. प्रशासन ने रिसॉर्ट सील कर दिया है. बताया जा रहा है कि रिसॉर्ट मालिक विनोद कुमार गौतम बेल्जियम में रहते हैं.

मृतकों के परिवार जनों ने और ओबीसी महासभा ने खजुराहो में मंगलवार को खजुराहो-बमीठा रोड के फौजदार चौक पर राजनगर अस्पताल के बाहर चक्का जाम कर दिया. इससे स्थिति बिगड़ती हुई नजर आ रही है. मृतकों के परिवारजनों की मांग है कि होटल संचालक पर एफआई की जाए और मृतकों को एक करोड़ की सहायता राशि दी जाए. इधर, खजुराहो में भी बस्ती चौराहे पर मृतकों के परिवार वाले इकट्ठा हुए. जाम की स्थिति बनने पर पुलिस ने मौके पर पहुंच कर मामले को शांत किया. विधायक अरविंद पटेरिया भी मौके पर पहुंचे. उन्होंने कहा कि जितना संभव होगा उतनी मदद की जाएगी. परिजनों का आरोप है कि समय से पोस्टमॉर्टम नहीं हो पा रहा है. विधायक ने उन्हें समझाया कि सांसद वीडी शर्मा और Chief Minister डॉ. मोहन यादव से बात हुई है.

छतरपुर सीएमएचओ आरपी गुप्ता ने बताया कि गौतम रिसॉर्ट में कर्मचारियों और गार्डों के लिए रिसॉर्ट में पीछे दो कमरे बनाए गए हैं. यहीं इनके लिए अलग से खाना बनाया जाता है. रोज की तरह उन्होंने यहां बना खाना खाया. इसके बाद तबीयत बिगड़ी. नौ लोगों को ग्वालियर रेफर किया गया था. शॉर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है. फॉरेंसिक विभाग के अनुसार, मौत फूड पॉइजनिंग से हुई या जहर से, यह तय करने के लिए केमिकल टेस्ट (बिसरा जांच) जरूरी है. तीनों शवों को बिसरा जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है. वहीं, रिसॉर्ट को सील कर दिया गया है. रिसॉर्ट के भोजन की जांच के लिए सैंपलिंग भी कराई गई है.

किन कर्मचारियों की तबीयत बिगड़ी…- रवि कोंदर निवासी पन्ना- दयाराम रैकवार निवासी खजुराहो- रामस्वरूप कुशवाहा निवासी खजुराहो- हार्दिक निवासी राजनगर, छतरपुर- Biharी पटेल निवासी खजुराहो- गिरजा रजक निवासी जतकारा, छतरपुर- रोशनी निवासी जतकारा, छतरपुर- प्रागीलाल निवासी खजुराहो- गोविंद कुशवाहा निवासी खजुराहो

जिला अस्पताल के डॉ. रोशन द्विवेदी ने बताया कि सभी मरीजों को फूड पॉइजनिंग के लक्षणों के साथ लाया गया था. उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया, लेकिन देर रात उनकी हालत खराब होने लगी. इसके बाद जिला अस्पताल प्रशासन ने सभी नौ कर्मचारियों को ग्वालियर के मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया. घटना की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य विभाग और पुलिस सक्रिय हो गई. पुलिस ने रिसॉर्ट पहुंचकर खाने के नमूने जब्त किए और स्टाफ से पूछताछ शुरू की. वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने मामला दर्ज कर भोजन, पानी और किचन की साफ-सफाई से जुड़े सभी सैंपल जांच के लिए भेजे हैं. रिपोर्ट आने के बाद ही बीमारी का सही कारण स्पष्ट हो पाएगा. प्रशासन ने रिसॉर्ट प्रबंधन को किचन की स्वच्छता और भोजन की गुणवत्ता को लेकर सख्त निर्देश दिए हैं.

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(Udaipur Kiran) तोमर

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