
काठमांडू, 10 दिसंबर (Udaipur Kiran) . नए कस्टम कानून के विभिन्न प्रावधानों पर असहमति जताते हुए देशभर में कस्टम एजेंटों के पेनडाउन के कारण सभी कस्टम कार्यालय का कामकाज पूरी तरह बंद हो गया है. इसका सीधा असर आयात-निर्यात पर हो रहा है.
गत Saturday से लागू हुए नए कस्टम कानून में दंड-जुर्माना कठोर होना, कागजात एवं जाँच–पास प्रक्रिया अव्यावहारिक होना जैसे कारणों का हवाला देते हुए एजेंटों ने मंगलवार सुबह से पूरे देश के कस्टम कार्यालयों में काम रोक दिया है.
भंसार एजेन्ट महासंघ के आह्वान पर जाँच–पास प्रक्रिया ठप होने से आयात–निर्यात गतिविधियाँ बाधित हो गई हैं. मंगलवार की वार्ता बिना किसी नतीजे के समाप्त होने के कारण आज बुधवार को भी आयात–निर्यात ठप है.
कस्टम विभाग का कहना है कि विवादित प्रावधानों को संशोधित करने के लिए उच्च स्तर पर चर्चा आवश्यक है. दंड और कागजात सम्बन्धी प्रावधान कानूनी ढांचे पर आधारित होने के कारण इन्हें तुरंत संशोधित करना संभव नहीं है; इसके लिए आर्थिक कानून में संशोधन करना होगा.
कस्टम विभाग के महानिर्देशक श्याम भण्डारी ने कहा, “व्यावहारिक प्रकृति के विषयों का तुरंत समाधान किया जाएगा. कस्टम प्रक्रिया में सहजता लाने वाले सुधारों को विभाग प्राथमिकता में रखकर आगे बढ़ेगा.” उन्होंने बताया कि सर्वर की गति बढ़ाना, काम की दक्षता बढ़ाने वाली व्यवस्थाएँ लागू करना जैसे कार्यगत मुद्दों का त्वरित समाधान किया जाएगा.
वार्ता के बाद महासंघ के प्रतिनिधियों ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा कि चर्चा जारी है और विभाग ने समाधान की दिशा में सकारात्मक संकेत दिए हैं.
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(Udaipur Kiran) / पंकज दास
