
सिवनी, 12 दिसंबर(Udaipur Kiran) . Madhya Pradesh के सिवनी जिले के म.प्र. वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक कॉरपोरेशन शाखा धनौरा, जिला सिवनी के वेयरहाउस मैनेजर (सहायक गुणवत्ता नियंत्रक) मुकेश परमार को लोकायुक्त जबलपुर की टीम ने शुक्रवार को 15,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया.
लोकायुक्त जबलपुर के Superintendent of Police अंजुलता पटले ने शुक्रवार की देर रात्रि में जानकारी दी कि पुलिस महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त निर्देशों के तहत जबलपुर लोकायुक्त इकाई ने आज एक सफल ट्रैप कार्रवाई की है.
उन्होनें बताया कि आवेदक सुरेन्द्र (58) पुत्र स्व. खेमचंद जैन, निवासी ग्राम धनौरा, जिला सिवनी ने
जबलपुर लोकायुक्त इकाई में शिकायत की गई थी कि उनके ग्राम नाई पिपरिया स्थित जैन वेयरहाउस में धान व अन्य अनाज खरीदी संबंधी सुविधाओं की कमी का उल्लेख ऊपर न भेजने के एवज में मुकेश (41) पुत्र स्व. नानजी परमार, वेयरहाउस मैनेजर (सहायक गुणवत्ता नियंत्रक), म.प्र. वेयरहाउसिंग एवं लॉजिस्टिक कॉरपोरेशन शाखा धनौरा, जिला सिवनी द्वारा 25,000 रुपये की रिश्वत मांगी जा रही थी. बातचीत के दौरान आरोपी 15,000 रुपये में समझौता करने के लिए तैयार हुआ.
जिस पर लोकायुक्त जबलपुर इकाई टीम द्वारा शुक्रवार को आरोपित को उसके कार्यालयीन कक्ष में 15,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया.
लोकायुक्त टीम द्वारा आरोपित के विस्द्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन 2018) की धारा 7, 13(1)(B) एवं 13(2) के अंतर्गत प्रकरण दर्ज कर कार्यवाही की जा रही है.
इस दौरान लोकायुक्त जबलपुर इकाई के ट्रैप दल के सदस्य निरीक्षक शशि मर्सकोले (ट्रैपकर्ता), निरीक्षक राहुल गजभिए, निरीक्षक बृजमोहन सिंह नरवरिया तथा लोकायुक्त जबलपुर की टीम शामिल रही.
(Udaipur Kiran) / रवि सनोदिया
