
छात्राओं ने कॉलेज प्रबंधन पर जड़े यौन उत्पीड़न
व अनियमितताओं के आरोप
हिसार, 12 दिसंबर (Udaipur Kiran) . जिले के नारनौंद क्षेत्र
के खुशी नर्सिंग कॉलेज की छात्राओं द्वारा चेयरमैन पर लगाए गए यौन उत्पीड़न सहित अन्य
आरोपों की महिला आयोग की चेयरपर्सन रेनू भाटिया ने सुनवाई की. चेयरपर्सन रेनू भाटिया
ने सभी छात्राओं को हिसार लघु सचिवालय बुलाया. छात्राओं के साथ उनके अभिभावक, कॉलेज
प्रशासन और कॉलेज चेयरमैन को भी बुलाया.
नर्सिंग छात्राओं ने आरोप लगाया कि चेयरमैन लगातार
उनका यौन उत्पीड़न कर रहा है. वह सीधा हॉस्टल में बने कमरों के बाथरूम तक में घुस जाता
है. इतना नहीं जो लड़कियां चेयरमैन को कोऑपरेट करती हैं, उनका सरेआम बर्थडे मनाया जाता
है और जो विरोध करती हैं, उन्हें नाजायज तंग किया जाता है. छात्राओं ने चेयरपर्सन को बताया कि कॉलेज में
सुरक्षा का भी अभाव है.
हॉस्टल का माहौल डर पैदा करने वाला है. कई छात्राओं ने यह भी
आरोप लगाया कि कॉलेज संचालक जगदीश देर रात शराब के नशे में हॉस्टल पहुंच जाता है. इससे
छात्राएं भय के साए में रहती हैं. संचालक की पत्नी भी उन्हें गालियां देती हैं. छात्राओं
ने बताया कि बीमार होने की स्थिति में भी उन्हें अस्पताल ले जाने की अनुमति नहीं दी
जाती.
पढ़ाई का हाल भी बेहद खराब है. कॉलेज में सिर्फ दो अध्यापिकाएं हैं और तीसरे-चौथे
वर्ष की छात्राओं से पहले दूसरे वर्ष की क्लास चलती हैं. निरीक्षण के समय यूनिवर्सिटी
की टीम आने पर भी छात्राओं से काम करवाया जाता है, ताकि व्यवस्थाओं की कमी उजागर न
हो सके. छात्राओं ने यह भी बताया कि कॉलेज में दूध और पानी गर्म करने के लिए अकाउंटेंट
10 रुपए चार्ज करता है. कॉलेज में फीस और जुर्माना वसूली के नाम पर अनियमितताएं हो
रही हैं. समय पर फीस जमा न होने पर स्टाफ द्वारा परेशान किया जाता है. हॉस्टल में बुनियादी
सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं.
छात्राओं ने चेयरपर्सन रेनू भाटिया से कहा कि
नर्सिंग कॉलेज हॉस्टल में बुनियादी सुविधा तक नहीं है. यहां बाथरूम में न नल हैं, न
दरवाजे पर कुंडी. उन्होंने कहा कि हॉस्टल की दीवारों पर रंग-रोगन का काम चल रहा है
और वहीं से काम कर रहे लोगों को सीधे बाथरूम अंदर तक दिखाई दे रहा है. यह छात्राओं
की गोपनीयता और सुरक्षा दोनों के साथ खिलवाड़ है.
उधर, कॉलेज चेयरमैन जगदीश गोस्वामी ने बताया कि
वह पिछले 25 वर्षों से कॉलेज चला रहे हैं और कॉलेज या उन पर एक भी दाग नहीं है. उन्होंने
कॉलेज में नियम सख्त किए हैं, असली दिक्कत छात्राओं को उनसे हो रही है. यहां
तक कि छात्राओं के पर्सनल पार्सल पर भी रोक लगा दी है, असली दिक्कत यहीं से शुरू हुई
है. जगदीश ने बताया कि Haryana का पहला ऐसा नर्सिंग कॉलेज है, जो इवनिंग एक्स्ट्रा
क्लासेज देता है.
(Udaipur Kiran) / राजेश्वर
