छत्तीसगढ़ी सिनेमा हमारी लोकसंस्कृति और अस्मिता का जीवंत दस्तावेज : मुख्यमंत्री साय

रायपुर 21 दिसंबर (Udaipur Kiran) । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज रविवार काे राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज परिसर स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम द्वारा आयोजित “छत्तीसगढ़ रजत जयंती के अवसर पर छत्तीसगढ़ी फिल्मों का सफर” कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ी सिनेमा की विकास यात्रा, उपलब्धियों और उज्ज्वल भविष्य पर विस्तार से अपने विचार साझा किए।
मुख्यमंत्री साय ने अपने संबोधन में छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम के गठन में पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के योगदान का स्मरण करते हुए कहा कि छालीवुड की सशक्त नींव रखने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने निगम के प्रथम अध्यक्ष स्वर्गीय राजेश अवस्थी का पुण्य स्मरण करते हुए कहा कि उनका असामयिक निधन न केवल छत्तीसगढ़ी सिनेमा, बल्कि पूरे प्रदेश के लिए अपूरणीय क्षति है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ी सिनेमा आज एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है। उन्होंने निगम की वर्तमान अध्यक्ष मोना सेन को एक अनुभवी, कर्मठ और समर्पित कलाकार बताते हुए विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में छालीवुड का चहुंमुखी विकास सुनिश्चित होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में छत्तीसगढ़ी फिल्में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश की संस्कृति, कला और पहचान को और अधिक सशक्त रूप में स्थापित करेंगी।
मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ में फिल्म निर्माण की ऐतिहासिक यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 1957 से प्रदेश में फिल्मों के निर्माण का सिलसिला प्रारंभ हुआ। उन्होंने भूलन कांदा उपन्यास पर आधारित फिल्म “भूलन द मेज” को प्राप्त राष्ट्रीय पुरस्कार को पूरे प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताया।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ी सिनेमा की जड़ें लोक संस्कृति, लोककथाओं और सामाजिक सरोकारों से गहराई से जुड़ी हैं, जो इसे विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ी सिनेमा हमारी लोकसंस्कृति और अस्मिता का जीवंत दस्तावेज है।
मुख्यमंत्री साय ने इस अवसर पर छत्तीसगढ़ी सिनेमा में उल्लेखनीय योगदान देने वाले निर्माताओं और वरिष्ठ कलाकारों मोहन सुंदरानी, सतीश जैन, संतोष जैन, मनोज वर्मा, अनुज शर्मा और प्रेम चंद्राकर को सम्मानित भी किया।
इस अवसर पर कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायकगण सुनील सोनी, पुरंदर मिश्रा, अनुज शर्मा, छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष दीपक म्हस्के, छत्तीसगढ़ मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष भरत मटियारा, छत्तीसगढ़ तेलघानी विकास बोर्ड के अध्यक्ष जितेंद्र साहू, संस्कृति विभाग के संचालक विवेक आचार्य सहित बड़ी संख्या में कलाकार, निर्माता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
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(Udaipur Kiran) / गेवेन्द्र प्रसाद पटेल



