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Thursday, 29 October 2026
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दमोह-प्रथम बार दमोह से किसी मरीज को मिली एयर एम्बूलेंस की सुविधा

दमोह-प्रथम बार दमोह से किसी मरीज को मिली एयर एम्बूलेंस की सुविधा

पीएमश्री एयर एम्बूंलेंस सपना को लेकर भोपाल रवाना हुई

दमोह,5 दिसम्बर(Udaipur Kiran) मध्य प्रदेश के दमोह में एक महिला को गंभीरावस्था में पीएमश्री एयर एम्बूलेंस के माध्यम से भोपाल एम्स ले जाया गया। दमोह जिले का यह प्रथम मामला था, जब किसी मरीज को पीएमश्री एयर एम्बूलेंस की सुविधा का लाभ मिला हो। आर्थिक रूप से काफी कमजोर महिला को जब यह लाभ दिलाया गया तो हेलीपेड पर मौजूद उसके परिजनों के चेहरे पर अलग भाव सरकार एवं प्रशासन के प्रति दिखाई दिया।

दमोह के होमगार्ड ग्राउंड पर बने हेलीपेड पर पीएमश्री एयर एम्बूलेंस उतरी

दरअसल भोपाल से चलकर जबलपुर पहुंची एयर एम्बूलेंस मेडी काॅलेज के चिकित्सकों के दल को साथ लेकर दमोह पहुंची थी। विदित हो कि असमय कोई काल के गाल में न समाये चाहे किसी प्रकार की स्थिति का मामला हो इसके लिये भारत सरकार एवं मध्यप्रदेश सरकार लगातार स्वास्थ्य के क्षेत्र में सभी आवश्यक सुविधाओं को बढाने में लगी हुई है। मातृ एवं शिशुदर की मृत्यू पर अंकुश लगाने के लिये लगातार प्रयास किये जा रहे हैं।

पीएमश्री एयर एम्बूलेंस दमोह के प्रभारी डाॅ. विक्रांत चैहान ने बताया कि कुछ दिन पूर्व दमोह जिले के हटा तहसील के अंतर्गत आने वाले ग्राम लुर्हरा निवासी सीमा लोधी को जिला चिकित्सालय दमोह लाया गया था। उसकी हालत खराब हो रही थी, उसके गर्भ में पल रहा शिशु गर्भ में ही मृत हो चुका था और उसको दमोह जिला चिकित्सालय से जबलपुर मेडीकल काॅलेज रिफर कर दिया गया था। वह जबलपुर मेडीकल काॅलेज की जगह किसी निजि चिकित्सालय पहुंच गयी, जहां चिकित्सा के दौरान उसकी हालत बिगड़ने लगी। वहां भी उसको मेडीकल काॅलेज भेजने के लिये कहा गया। आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान मरीज के परिजन सीमा को लेकर दमोह जिला चिकित्सालय फिर आ गये और जिला चिकित्सालय में उसको आईसीयू में भर्ती कर चिकित्सकों ने उसका ईलाज प्रारंभ किया। हालत काफी नाजुक होती जा रही थी लेकिन चिकित्सकों ने हिम्मत नहीं हारी। विशेषज्ञ चिकित्सकों से भोपाल में सलाह ली और उसको पीएमश्री एयर एम्बूलेंस से भोपाल भेजने का निर्णय लिया।

कलेक्टर कोचर ने लिया निर्णय-

उक्त मामले में सबसे बड़ी बाधा उत्पन्न हो रही थी कि मरीज एवं उसके परिजनों के पास आवश्यक दस्तावेज नहीं थे। जिनको एकत्रित पीएमश्री एयर एम्बूलेेंस के दमोह जिले नोडल डाॅ. विक्रांत चैहान कर कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर को अवगत कराया। जिसमें कलेक्टर कोचर ने मानवता का परिचय देते हुये तत्काल परमीशन दे दी। ज्ञात हो कि कलेक्टर को इस प्रकार के मामलों में विशेषाधिकार होते हैं जिनका प्रयोग कलेक्टर कोचर ने किया। वहीं प्रभारी सीएमएचओ डाॅ. रीता चटर्जी ने तत्काल मरीज का आयुष्मान कार्ड तैयार करवाने की प्रक्रिया को प्रारंभ किया। बताया जाता है कि जब तक एयर एम्बूलेंस भोपाल एम्स पहुंचेगी तब तक आयुष्मान कार्ड बनकर उसके पास पहुंच जायेगा।

एम्बूलेंस के लिये बना कारीडोर-

जिला चिकित्सालय से लेकर होमगार्ड ग्राउंड तक लगभग दो किलोमीटर की दूरी का ग्रीन कारीडोर बनाया गया। पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुजीत सिंह भदौरिया ने मोर्चा संभाला और नगर पुलिस अधीक्षक एच.आर.पांडे, थाना प्रभारी सिटी कोतवाली मनीष कुमार, थाना प्रभारी रचना मिश्रा, थाना प्रभारी यातायात दलबीर सिंह मार्को के मार्ग दर्शन में बडी संख्या में पुलिस बल कारीडोर एवं सुरक्षा व्यवस्था में लगा देखा गया।

इन्‍होंने कहा-

कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने कहा कि गरीब असहाय एवं दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों के लिये यह एक अच्छी योजना है। दमोह जिले की पहली महिला सपना लोधी हैं जिनको पीएमश्री एयर एम्बूलेंस की योजना का लाभ दिलाया गया है। उनके स्वास्थ्य लाभ को लेकर भगवान से प्रार्थना करते हुये उन्होंने कहा कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति को इसका लाभ मिले, इसका प्रयास किया जायेगा।

उन्होंने जिला चिकित्सालय के उन सभी चिकित्सक एवं स्टाफ को बधाई दी जिन्होंने इस पवित्र कार्य में सहयोग प्रदान किया। पीएमश्री एयर एम्बूलेंस के दमोह जिले के नोडल डाॅ. विक्रांत चैहान ने बताया कि महीला की हालत काफी नाजुक थी, उसके गर्भ में बच्चे की मौत हो गयी थी। जबलपुर से यह दमोह गंभीर अवस्था में आयी थी उसका इलाज जारी करने के बाद भोपाल एम्स में ले जाने के लिये प्रयास किये गये। कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने पूरे विषय पर गंभीरता से चिंतन करते हुये यह अनुमति प्रदान की।

प्रभारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. रीता चटर्जी एवं जिलाध्यक्ष भाजपा श्याम शिवहरे,जिपं अध्यक्ष प्रतिनिधि गौरव पटेल ने योजना की सराहना की है और महिला के स्‍वस्‍थ होने की कामना की है।

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(Udaipur Kiran) / हंसा वैष्णव

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