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Friday, 30 October 2026
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शून्यकाल में विधायकों ने उठाए अपने क्षेत्रों से जुड़े जनहित के मुद्दे

तपोवन विधानसभा भवन।

धर्मशाला, 03 दिसंबर (Udaipur Kiran) । तपोवन में चल रहे विधानसभा के शीत सत्र के छठे दिन बुधवार को शून्यकाल के दौरान विधायकों ने अपने अपने क्षेत्रों सहित अन्य मुद्दों को सदन में उठाया। इस दौरान इंदौरा के विधायक मलेंद्र राजन ने बिजली बोर्ड में आउटसोर्स कर्मियों के बारे में बात रखी। उन्होंने कहा कि तकनीकी कर्मचारियों का कार्य जोखिमपूर्ण है, ऐसे में कई बार दुर्घटनाएं गंभीर सामने आ रही हैं। उन्होंने कर्मियों के दुर्घटनाग्रस्त होने व मृत्यु होने पर मुआवजा राशि कितनी प्रदान की जाती है। इसके लिए उचित पॉलिसी बनाए जाएं। विस अध्यक्ष ने उचित कार्यवाही की बात कही

स्वास्थ्य मंत्री कर्नल धनी राम शांडिल ने कहा कि 232 डॉक्टरों को जल्द ही नियुक्ति दी जाएगी।

चौपाल के विधायक बलबीर सिंह वर्मा ने कहा कि नीरव में मात्र तीन ही डॉक्टर सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। साथ ही अल्ट्रासाउंड की भी सुविधा नहीं मिल पा रही है, सिविल अस्पताल में पद पूरी तरह से खाली चल रहे हैं।

बड़सर के विधायक इंद्रदत्त लखनपाल हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के लिए रूसा के तहत एक करोड़ रेन हार्वेस्टिंग सिस्टम के लिए जारी हुआ था। 11 वर्षों के बाद भी इसमें कोई उचित कार्रवाई नहीं की गई है। विधानसभा की ओर से उचित कार्रवाई के लिए लिखा जाएगा।

नयनादेवी के विधायक रणधीर शर्मा ने सदन में कहा कि उनके क्षेत्र में सोलदा में आठ अक्तूबर 2024 को 35 लाख पंचायत घर बनाने को राशि मिली थी, लेकिन अबतक काम नहीं हो पाया है। लगातार कार्य को लटकाया जा रहा है, इसपर जल्द कार्य करने की जरूरत है।

दूसरे विषय में मुख्यमंत्री खेल प्रोत्साहन योजना के तहत 15 लाख की राशि 24 फरवरी 2025 को स्वीकृति दी गई थी, जबकि कार्य अब भी लधर में लटका हुआ है। इसमें लोगों ने डीसी से भी बात उठाई थी। इसमें संबधित मंत्री यादवेंद्र गोमा ने बताया कि विधायक के अधिकार के तहत 15 लाख जारी किया जाता है। उक्त कार्य को जल्द से जल्द उचित कार्रवाई कर कार्य शुरू कर दिया जाएगा।

बंजार के विधायक सुरेंद्र शौरी ने कहा कि डिग्री कॉलेज में निर्माण कार्य लधर मे लटका है। सैंज डिग्री कॉलेज भी स्कूल के भवन में चल रहा है। बंजार अस्पताल में भी बजट की कमी चली हुई है। आर्युवेदिक अस्पताल व आईटीआई भवन भी अधर में लटका हुआ है, जिसे जल्द बजट प्रदान करने की बात कही है। आयुर्वेदिक मंत्री यादवेंद्र गोमा ने कहा कि अस्पताल बजौरा का निर्माण कार्य चल रहा था, जबकि पानी की बजह से नुकसान हुआ था, जिसमें नदी में हिस्सा जाने से उसकी प्रोटक्शन वर्क कार्य चल रहा हैं। अब नदी की तरफ के हिस्से को काटा जाएगा, जिसके लिए 45 लाख का बजट जरूरत है। जल्द ही छह माह में कार्रवाई की जाएगी।

शाहपुर के विधायक केवल सिंह पठानिया ने शून्यकाल में कांगड़ा-चम्बा के गद्दी समुदाय की छह उपजातियों के साथ गद्दी शब्द न जोड़ने का विषय उठाया है। इसमें छह उपजातियों में स्तलेमेंट में गद्दी शब्द जुड़ा हुआ था। जिसमें हाली, सीपी, लोहार, वाड़ी, धोगरी व अन्य को राजस्व रिकॉर्ड की त्रुटि को दरूस्त करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि जिला कांगड़ा-चंबा की डीसी की ओर से भी जांच रिपोर्ट कर सरकार को भेजी गई है, जिसमें गद्दी शब्द जुड़ना उचित पाया गया है। केवल सिंह पठानिया ने कहा कि इस विषय पर उचित कार्रवाई की जाएगी।

विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि इसमें राज्य राजस्व मंत्री व विभागों को निर्देश जारी किए जाएंगे।

नालागढ़ के विधायक राम कुमार ने आधार कार्ड में दर्ज गलत आयु होने पर दरूस्त नहीं किया जा रहा है।

झंडूता के विधायक जीत राम कटवाल ने कहा कि राजस्व विभाग के रिक्त पदों की बात रखी। उन्होंने बताया कि झड़ूता में तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित अन्य कई पद खाली पड़े हुए हैं, जिन्हें जल्द से जल्द भरा जाए। उन्होंने कहा कि नए तहसीलदार अधिकारी को हटाए जाने को लेकर भी एक आर्डर कोर्ट आ गया था, जिसपर उचित विचार किया जाए।

लाहौल-स्पीति की विधायक अनुराधा शर्मा ने कहा कि स्पीति को शीत मरुस्थल कहा जाता है। सर्दियों में तापमान शून्य से भी कई नीचे माइंस तक जाता है। इसके लिए सर्दियों में बालन की बड़ी आवश्यकता रहती है, जबकि इस बार समय पर जरूरत मुताबिक मिल नहीं पाया है। हालांकि आपदा में इसमें देरी हुई है, जबकि ठेकेदार की ओर से भी इसमें देरी की जा रही है। इसमें तीन मई को कुल्लू से बालन न मिलने की बात सामने आई थी। विधायक ने कहा अब तक मात्र 50 फीसदी ही बालन मिल पाया है।

स्वास्थ्य मंत्री कर्नल धनी राम शांडिल ने कहा किन्ही कारणों से देरी हुई है, जल्द ही इसमें उचित कार्यवाही की जाएगी।

चंबा के विधायक नीरज नैय्यर ने मेडिकल कॉलेज के लिए 175 करोड़ जारी किया गया है। जिसका निर्माण कार्य चल रहा है, अब मेडिकल उपकरणों, फर्नीचर व अन्य के लिए भी बजट आया है। जबकि इसमें लगातर देरी हो रही है। मेडिकल कॉलेज में गेट ऊपर की तरफ से भी रखने की बात कही थी। सरोल के ऊपर से रास्ता चाह रहे है, तो जल्द ही इसके लिए बजट उपलब्ध कराया जाए।

(Udaipur Kiran) / सतेंद्र धलारिया

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