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Wednesday, 28 October 2026
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गोहाना को जिला बनाने पर गंभीरता से विचार करे सरकार : डॉ अरविंद शर्मा

हरियाणा के सहकारिता मंत्री अरविंद शर्मा विधानसभा में अपनी बात रखते हुए

चंडीगढ़, 18 दिसंबर (Udaipur Kiran) । हरियाणा के सहकारिता, कारागार, निर्वाचन, विरासत व पर्यटन मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने कहा कि गोहाना को जिला बनाने की मांग बहुत पुरानी है और इस पर सरकार गम्भीरता से विचार करे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गोहाना को जिला बनाने का वायदा भी किया हुआ है, मुझे पूरा विश्वास है कि वो इस मांग को पूरा भी करेंगे।

गुरुवार को चंडीगढ़ में हरियाणा विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सहकारिता मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का हांसी को जिला बनाने के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि गोहाना को जिला बनाने की मांग हांसी की तरह बहुत पुरानी है, इसलिए सरकार इस पर गम्भीरता से विचार करे, ताकि क्षेत्र के लोगों को प्रशासनिक सुविधाएं और बेहतर सेवाएं मिल सकें। कैबिनेट मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने अंतरराष्ट्रीय सहकारिता वर्ष के मद्देनजर सहकारिता आंदोलन की भूमिका, उसकी पारदर्शिता और किसानों के हितों से जुड़े विषयों पर विस्तार से अपने विचार रखे। उन्होंने इस अवसर पर अपने पूरे विभाग की ओर से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का हार्दिक धन्यवाद एवं सम्मान प्रकट किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में केंद्र सरकार ने समाज के हर कोने तक विकास तथा न्याय पहुंचाने का कार्य किया है।

सहकारिता मंत्री डॉ अरविंद शर्मा ने कहा कि सहकारिता को एक मजबूत स्तंभ मानते हुए माननीय मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच के कारण प्रदेश में सहकारी आंदोलन को नई दिशा मिली है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने यह सुनिश्चित किया है कि सहकारिता केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि गांव-गांव और कस्बे-कस्बे तक पहुंचे। डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि छोटे किसानों और आम जनता तक सहकारी संस्थाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के लिए इन्हें और अधिक पारदर्शी, जवाबदेह एवं सहयोगी बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों के हित में पैक्स के ऋण पर ब्याज माफ कर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का अत्यंत सराहनीय निर्णय है, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है। उन्होंने कहा कि सहकारिता विभाग को केवल आर्थिक हितों तक सीमित न रखकर इसे सामाजिक न्याय, ग्रामीण सशक्तिकरण और सामूहिक विकास के सशक्त माध्यम के रूप में देखा जाए।

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(Udaipur Kiran) शर्मा

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