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Thursday, 29 October 2026
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बलोचिस्तान में बीएलए के हमलों में तीन सैन्य अधिकारी मारे गए, अज्ञात लोगों ने की विधायक के भाई की हत्या, लेवी बल का प्रदर्शन

बलोचिस्तान के कलात में लेवी बल को पुलिस में विलय करने के प्रांत सरकार के फैसले का तगड़ा विरोध किया गया। फोटो कोलाज- द बलोचिस्तान पोस्ट

क्वेटा (बलोचिस्तान), 20 अक्टूबर (Udaipur Kiran News) । बलोचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने प्रांत के मस्तुंग, बलघतार और सोराब में चार स्थानों पर हमला कर पाकिस्तान सेना के तीन अधिकारियों को मौत के घाट उतार दिया। जवानों के हथियार छीन लिए। कुछ स्थानों पर भारी मशीनरी को आग के हवाले कर दिया। इसके अलावा नेशनल पार्टी के एक विधायक के भाई की कुछ अज्ञात लोगों ने गोली मारकर हत्या कर दी। कलात में लेवी के अधिकारियों और जवानों ने राज्य सरकार के फैसले का विरोध शुरू कर दिया है। प्रांत सरकार ने लेवी का विलय पुलिस में करने का फैसला किया है। चार स्थानों पर हुए हमलों की जिम्मेदारी बीएलए ने ली है।

द बलोचिस्तान पोस्ट (पश्तो भाषा) की 19 अक्टूबर को प्रसारित रिपोर्ट के अनुसार, बलोच लिबरेशन आर्मी के प्रवक्ता जैंद बलोच ने कहा कि उनके कमांडरों ने मस्तुंग, बलघतार और सोराब में चार अलग-अलग अभियानों में पाकिस्तानी सेना और उसके सहयोगियों पर भीषण हमला कर तीन सैन्य अधिकारियों को मार डाला। सोराब में तो सुरक्षा बलों के जवानों के हथियार छीन लिए गए। मगर सोराब में बीएलए के दो साथियों को खोना पड़ा। प्रवक्ता के अनुसार,17 अक्टूबर को बीएलए के कमांडरों ने मस्तुंग क्षेत्र के रेगिस्तान में पैदल सेना पर घात लगाकर हमला किया। मस्तुंग के मारो क्षेत्र में गोंडिन में सेना के लिए एक चेक पोस्ट का निर्माण कर रही कंपनी की भारी मशीनरी फूंक दी।

प्रवक्ता ने बताया कि पिछले दिनों उनके कमांडरों ने बलघाटर में कुर्की चौकी पर रिमोट कंट्रोल आईईडी से हमला किया। विस्फोट में एक सैन्य अधिकारी की मौके पर ही मौत हो गई। 16 अक्टूबर को बलोच लिबरेशन आर्मी के कमांडरों ने शब सोराब के मिल शाहुराई स्थित लेवीज फोर्स की एक चौकी पर कब्जा कर हथियार छीन लिए। प्रवक्ता ने कहा यह चौकी जबरन वसूली में लिप्त थी। प्रवक्ता ने कहा कि बीएलए कभी भी लेवी पर हमला नहीं करती। लेकिन जो अधिकारी और कर्मचारी जुल्म करते हैं, उनके खिलाफ हमले करने पड़ते हैं। पुलिस और लेवी में सबसे अधिक जवान और अधिकारी बलोच हैं।

दूसरी रिपोर्ट के अनुसार, पंजगुर जिले के चिटकन में अज्ञात बूंदकधारियों ने नेशनल पार्टी के केंद्रीय नेता और बलूचिस्तान विधानसभा के सदस्य मीर रहमत सालेह बलोच के भाई की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार, यह घटना 19 अक्टूबर की देरशाम उनके घर के पास हुई। पंजगुर पुलिस ने बताया कि मृतक की पहचान वलीद सालेह बलोच के रूप में हुई है। वलीद नेशनल पार्टी के नेता हाजी सालेह मोहम्मद का बेटा और पंजगुर जिले के जिला अध्यक्ष मलिक सालेह बलोच और बलोचिस्तान विधानसभा के सदस्य रहमत सालेह का छोटा भाई था। अज्ञात लोगों ने वालिद सालेह को उस समय गोली मार दी जब वह अपने घर के पास थे। गोली लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हमलावर मौके से भागने में कामयाब रहे।

एक अन्य रिपोर्ट के अनुसार, बलोचिस्तान सरकार ने लेवी बल को पुलिस में शामिल करने के संबंध में अधिसूचना जारी की है। इसके बाद पूरे प्रांत में लेवी के अधिकारी और जवान विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। लेवी मुख्यालय कलात में आयोजित विरोध रैली में बड़ी संख्या में अधिकारियों और कर्मियों ने भाग लिया। रैली लेवी मुख्यालय से शुरू होकर शाही बाजार, अस्पताल रोड, हरबोई रोड, दरबार रोड और अन्य सड़कों से होते हुए लेवी मुख्यालय कलात पहुंची और सभा में तब्दील हो गई। इस मौके पर लेवी अधिकारियों ने कहा कि यह 142 साल पुराना बल है। लेवी ने बलोचिस्तान में शांति और व्यवस्था की स्थापना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। बल के जवानों ने अपने प्राणों की आहुति दी है। उन्होंने कहा कि अतीत में लेवी को पुलिस में एकीकृत करने का अनुभव विफल रहा है। अब वही विफल प्रयास दोहराया जा रहा है।

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(Udaipur Kiran) / मुकुंद

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