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Friday, 30 October 2026
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ग्रामीणों की पहल : उमरगांव में अब न शराब बनेगी और न ही जुए की फड़ सजेगी

ग्राम उमरगांव में आयोजित बैठक में उपस्थित ग्रामीण पुरुष एवं महिलाएं।

धमतरी, 21 दिसंबर (Udaipur Kiran) । नगरी ब्लाॅक के ग्राम उमरगांव में ग्रामीणों ने नशा मुक्ति की दिशा में सराहनीय पहल करते हुए शराब और जुए के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने का निर्णय लिया है। रविवार को गांव में आयोजित महिला एवं पुरुषों की संयुक्त बैठक में सर्वसम्मति से यह तय किया गया कि अब ग्राम उमरगांव में न तो शराब का निर्माण किया जाएगा और न ही उसका विक्रय होगा। साथ ही अवैध रूप से कच्ची शराब बनाने, बेचने और शराब सेवन कर गांव की शांति भंग करने वालों पर जुर्माना सहित कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

नगरी ब्लाॅक के ग्राम उमरगांव के ग्रामीणों ने मिसाल पेश करते हुए नशा मुक्त ग्राम की ओर अपना कदम बढ़ाया है। यह कदम कोई शासकीय आदेश से नहीं, बल्कि गांव वालों की सामूहिक चेतना से आया है। गांव की चौपाल में जब महिलाएं, पुरुष, युवा और बुजुर्ग एक साथ बैठे तो चर्चा सिर्फ समस्या की नहीं, समाधान की भी थी। ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से अपने गांव को शराब और जुए से मुक्त करने का ऐतिहासिक निर्णय ले लिया। अब न गांव में शराब बनेगी, न बिकेगी और न ही जुए की फड़ सजेगी। इस निर्णय में ग्रामीण महिलाओं की भूमिका सबसे अहम और मजबूत नजर आई। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि नशा नहीं, भविष्य चाहिए। युवाओं ने भी जिम्मेदारी लेते हुए गांव की निगरानी में सहयोग का संकल्प लिया।

बुजुर्गों ने इसे गांव की खोई हुई शांति लौटाने वाला कदम बताया। फैसला सिर्फ कागजों तक सीमित न रहे इसके लिए ग्राम स्तरीय समिति का गठन भी किया गया। जो नियमों के पालन पर नजर रखेगी और जरूरत पड़ने पर कड़ी कार्रवाई करेगी। ग्रामीणों का मानना है कि यह निर्णय सिर्फ शराब और जुए पर रोक नहीं है, बल्कि एक नई सोच की शुरुआत है। जहां गांव अपनी समस्याओं का समाधान खुद करता है। आज उमरगांव चर्चा में है। वजह कोई विवाद नहीं, बल्कि वह साहसिक फैसला है जिसने यह साबित कर दिया कि अगर गांव चाहे, तो बदलाव मुमकिन है। गांव में किसी भी प्रकार के ताश – जुआ खेलने वालों के विरुद्ध कठोर कदम उठाए जाएंगे। ग्रामीणों ने इस निर्णय को सामाजिक बुराइयों के उन्मूलन की दिशा में एक आवश्यक और निर्णायक कदम बताते हुए पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।इस बैठक में महिलाओं, पुरुषों, युवाओं एवं बुजुर्गों ने एक स्वर में नशा मुक्त गांव के निर्माण का संकल्प लिया। साथ ही इसे प्रभावी रूप से लागू करने के लिए सामूहिक जिम्मेदारी निभाने का आश्वासन भी दिया।

सतत निगरानी के लिए समिति का गठन

नशा मुक्ति अभियान की सतत निगरानी एवं प्रभावी क्रियान्वयन के उद्देश्य से ग्राम स्तरीय समिति का गठन भी किया गया। गठित समिति के अध्यक्ष मोहन पुजारी, उपाध्यक्ष सीताराम ध्रुव, उपाध्यक्ष हेमवती साहू, सचिव चंद्रभान यादव, सह सचिव गजेंद्र साहू एवं कोषाध्यक्ष अजय सिन्हा होंगे। उपस्थित ग्रामीणों ने विश्वास जताया कि इस सामूहिक और अनुशासित निर्णय से ग्राम उमरगांव में शांति, सद्भाव एवं सामाजिक सुधार को नई दिशा मिलेगी। साथ ही आने वाली पीढ़ियों को एक सुरक्षित, स्वस्थ और नशा मुक्त वातावरण प्रदान करने में यह पहल मील का पत्थर साबित होगी।

(Udaipur Kiran) / रोशन सिन्हा

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