झारखंड में भाजपा को लेने होंगे कठोर निर्णय : सूरज मंडल

रांची, 22 अक्टूबर (Udaipur Kiran News) । पूर्व सांसद और भाजपा नेता डॉ सूरज मंडल ने कहा है कि झारखंड में भाजपा के कई दिग्गाज नेताओं के कारण ही आज पार्टी सत्ता से बाहर है। उन्होंने कहा कि झारखंड में बहुमत के साथ राज करने के बावजूद भाजपा दोबारा सत्ता में नहीं आ सकी।
मंडल मंगलवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से कहा कि अब शीर्ष नेतृत्व झारखंंड्ड में भाजपा की जमीनी स्थिति को बेहतर बनाने के साथ ही जन आकांक्षाओं के अनुरूप जनाधार को और अधिक धारदार बनाने के लिये कठोर निर्णय लेने की जरूरत है।
पीएम नरेंंद्र मोदी और भाजपा के अध्यजक्ष जेपी नडडा इसपर ठोस तौर पर ध्यान दें। उन्होंने कहा कि राज्य में बाबूलाल मरांडी और रघुवर दास जैसे नेताओं को धरातल पर काम करने की जरूरत है।
मंडल ने कहा कि नवगठित झारखंंड में बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में ही भाजपा की पहली सरकार बनी थी। लेकिन उसी सरकार ने न केवल अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के आरक्षण को 27 प्रतिशत से घटाकर 14 प्रतिशत कर दिया। वहीं वर्ष 2014 में रघुवर दास ने जब झारखंंड में मुख्यमंत्री बने तो उन्होंने भी पिछली तमाम गलतियों को सुधारने की कोई कोशिश नहीं की। बल्कि, उसी दौरान स्थानीय नीति को नये सिरे से लागू करने के लिये विधानसभा की एक समिति का गठन अमर कुमार बाउरी की अध्यक्षता में किया गया था। समिति ने खतियान के आधार पर स्थानीय नीति लागू करने की अनुशंसा की थी। दास ने उस नीति में खतियान के मुद्दे को हटाकर 1986 के आधार पर स्थानीय नीति लागू करने की व्यवस्था की इससे भाजपा को झारखंड में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान खामियाजा उठाना पड़ा।
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(Udaipur Kiran) / Manoj Kumar



