Skip to content
Thursday, 29 October 2026
BREAKING
BIHAR

दो साल से बैंक धोखाधड़ी मामले में जेल में बंद रामचन्द्र कुमार एलएडीसी की पहल पर साक्ष्य के अभाव में हुए रिहा

अररिया फोटो:विनय कुमार ठाकुर

अररिया 02 दिसम्बर(Udaipur Kiran) । बैंक धोखाधड़ी मामले में दो साल से अधिक समय से मंडल कारा में बंद सुपौल जिला के रामचंद्र कुमार को न्यायमंडल अररिया के फर्स्ट क्लास जुडिशियल मजिस्ट्रेट प्रणव कुमार ने साक्ष्य के अभाव में रिहा कर दिया।

मामला जीआर केस संख्या 50/2024,जो फारबिसगंज थाना कांड संख्या 911/2023 से संबंधित है। केस के सूचक अमित कुमार हैं।वहीं रिहाई पाने वाला सुपौल जिला के प्रतापगंज थाना के गोविंदपुर वार्ड संख्या पांच का रहने वाला 26 वर्षीय रामचन्द्र कुमार पिता राम प्रसाद यादव है।दो साल दो माह से जेल में बंद रामचन्द्र कुमार को कानूनी सहायता लीगल एड डिफेंस काउंसिल के चीफ विनय कुमार ठाकुर द्वारा प्रदान किया गया।

मंगलवार को जेल से रिहा हुए रामचन्द्र कुमार के विरुद्ध भादवि की धारा 418,420,467,468,120(बी) के तहत फारबिसगंज पुलिस के द्वारा आरोप पत्र समर्पित किया गया, तद्नुसार कोर्ट के द्वारा संज्ञान भी लिया गया। परन्तु अभियोजन के तरफ से मात्र एक गवाह की ही गवाही हुई तथा ठगी एवं धोखाधड़ी के मामले को लेकर एक भी दस्तावेज कोर्ट में प्रदर्श के लिए प्रस्तुत नहीं किया गया। जिसके अभाव में न्यायिक पदाधिकारी प्रणव कुमार ने साक्ष्य नहीं रहने के कारण अभियुक्त को आरोप से मुक्त करते हुए रिहा किया गया।

मामले की जानकारी देते हुए लीगल एड डिफेंस काउंसिल चीफ विनय कुमार ठाकुर ने बताया कि फारबिसगंज थाना के एसआई अमित कुमार ने 28 सितंबर 2023 को प्राथमिकी दर्ज कराई थी।जिसमें 27 सितंबर 2023 को 10 बजे दिन में अन्य पुलिस पदाधिकारी के साथ पेट्रोलिंग में निकलने पर पोस्ट ऑफिस आईसीआईसीआई बैंक के पास पहुंचने पर ब्रांच मैनेजर चंदन कुमार ने बैंक में एक व्यक्ति रामचंद्र कुमार द्वारा पांच लाख रुपैया अपने खाता से जितेंद्र नाम के खाता में भेजने के लिए चेक देने की जानकारी देते हुए मामले पर संदिग्धता जाहिर की।

खाता का अवलोकन करने से 26 सितंबर 2023 तक उस खाता 1 करोड़ 25 लाख रुपया में से 1 करोड़ 9 लाख रुपैया खाता से निकाला गया।इस सवाल पर कोई संतोषजनक उत्तर नहीं मिला और रामचन्द्र कुमार द्वारा बताया गया कि पड़ोसी पिंकू झा ने एक लाख रुपैया देने के नाम पर उनसे बैंक में खाता खुलाया और रामचन्द्र कुमार अपने हर खाता का डिटेल्स टिंकू झा को देता था।

प्राथमिकी में 27 सितंबर 2023 को टिंकू कुमार रामचन्द्र कुमार के घर पर आया और बोला कि तुम्हारे खाता में रुपया आया है, तुम आईसीआईसीआई बैंक फारबिसगंज जाओ और उसमें से रुपैया निकासी करके लाओ। उसी रुपया में से 1 लाख रूपये तुमको देंगे। दोनों व्यक्ति बैंक गया और टिंकू कुमार बाहर रहा और उनके द्वारा बैंक का पासबुक और चेकबुक ले लिया गया।

लेकिन मामले में अभियोजन द्वारा केवल एक गवाह को ही न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, अन्य गवाह एवं आवश्यक कागजात प्रस्तुत नहीं किया गया। जिसके अभाव में अभियुक्त रामचन्द्र कुमार को कोर्ट ने रिहा कर दिया।रामचन्द्र कुमार 29 सितम्बर 2023 से जेल में थे।

(Udaipur Kiran) / राहुल कुमार ठाकुर

Share

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *